*जिला जनसम्पर्क कार्यालय*
*धनबाद*
*दिनांक- 12 सितंबर 2026*
*धनबाद में नेशनल लोक अदालत का भव्य आयोजन: झारखंड उच्च न्यायालय के न्यायाधीश श्री सुजीत नारायण प्रसाद की मौजूदगी में बंटी करोड़ों की परिसंपत्तियां और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ*
*महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन को रफ्तार: धनबाद में 206 SHG को मिले 6.03 करोड़, सावित्रीबाई फुले योजना के तहत ₹43.12 लाख का हुआ वितरण*
*दृष्टिबाधित बेटियों को मिला AI विजन ग्लास का सहारा; नेशनल लोक अदालत में बांटे गए डिजिटल श्रवण यंत्र, व्हीलचेयर और सहायक उपकरण*
*समावेशी शिक्षा और पोषण को बढ़ावा: नेशनल लोक अदालत में स्कूलों को मिले TLM किट, बर्तन और विद्यार्थियों को बांटी गई साइकिलें*
*नेशनल लोक अदालत सह विकास शिविर: सोलर पंप, पशुधन व आवास योजना के अनुदान से सशक्त हुए धनबाद के लाभुक*
झारखंड विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा बीसीसीएल सामुदायिक भवन कोयला नगर धनबाद मे एक दिवसीय नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया। नेेशनल लोक अदालत में झारखंड उच्च न्यायालय के न्यायाधीश सह झारखंड विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष श्री सुजीत नारायण प्रसाद मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे । साथ ही झारखंड विधिक सेवा प्राधिकार के डिप्टी सेक्रेटरी श्री अभिषेक कुमार ,उपायुक्त श्री आदित्य रंजन, एसएसपी श्री प्रभात कुमार समेत कई गणमान्य अतिथि मौजूद रहें।
इस कार्यक्रम में जिला प्रशासन, धनबाद की ओर से विभिन्न विभागों एवं संस्थानों द्वारा जनकल्याणकारी योजनाओं, सेवाओं एवं जागरूकता संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कई स्टॉल लगाए गए। इनमें जिला कल्याण विभाग, बाल कल्याण समिति एवं सामाजिक सुरक्षा, जिला समाज कल्याण विभाग, झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS), जिला मत्स्य विभाग, नगर निगम, जिला शिक्षा विभाग, सड़क सुरक्षा विभाग, जिला आपूर्ति विभाग, श्रम विभाग, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI), वन विभाग, बैंक ऑफ इंडिया सहित अन्य विभाग एवं संस्थान शामिल रहे।
इस दौरान बच्चों के समग्र विकास, पोषण स्तर में सुधार तथा गुणवत्तापूर्ण व समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से झारखंड उच्च न्यायालय के माननीय न्यायाधीश के कर-कमलों एवं गरिमामयी उपस्थिति में विभिन्न विद्यालयों के लिए आवश्यक सामग्री का वितरण किया गया।
विद्यार्थियों के स्वस्थ एवं संतुलित पोषण को ध्यान में रखते हुए 5 विद्यालयों में आवश्यकतानुसार मध्याह्न भोजन (MDM) योजना अंतर्गत थाली एवं गिलास का वितरण किया गया। वहीं प्रोजेक्ट-इम्पैक्ट के अंतर्गत सराहनीय प्रयास कर रहे 5 विद्यालयों में प्रभावी एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षण कार्य हेतु शिक्षण-अधिगम सामग्री (TLM) किट वितरित की गई। वहीं विभिन्न छात्र छात्राओं के बीच साइकिल का भी वितरण किया गया।
साथ ही तकनीक के माध्यम से विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में वरीय बुनियादी मध्य विद्यालय, जगजीवन नगर की दो दृष्टिबाधित छात्राओं—गुंजन कुमारी एवं कृतिका राज—को उन्नत AI Vision Glasses प्रदान किए गए। यह उन्नत सहायक स्मार्ट चश्मा कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), कैमरा, वॉइस कंट्रोल और ऑडियो फीडबैक जैसी आधुनिक तकनीकों से लैस है। यह दृष्टिबाधित बच्चों को लिखित पाठ पढ़ने, वस्तुओं, रंगों व मुद्रा की पहचान करने तथा आसपास के वातावरण को समझने में सक्षम बनाता है, जिससे वे अपने दैनिक कार्यों और पठन-पाठन को पूर्ण स्वतंत्रता व आत्मविश्वास के साथ कर सकेंगी।
वहीं राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (RBSK) के तहत आयोजित विशेष चिकित्सा एवं उपचार शिविर के तहत में आज झारखंड उच्च न्यायालय के माननीय न्यायाधीश द्वारा दिव्यांग व दृष्टि दोष से प्रभावित बच्चों के बीच आवश्यक चिकित्सीय सहायक उपकरणों का वितरण किया गया।
इस मानवीय पहल के अंतर्गत शिविर में चिह्नित कुल 30 जरूरतमंद बच्चों को निःशुल्क डिजिटल श्रवण यंत्र (Hearing Aids) प्रदान किए गए। साथ ही, दृष्टि दोष से ग्रसित 10 बच्चों को माननीय न्यायमूर्ति के कर-कमलों द्वारा चश्मे बांटे गए। साथ हीं सहियाओं के बीच 150 कीट का वितरण किया गया।
साथ ही झारखंड उच्च न्यायालय के माननीय न्यायाधीश द्वारा दिव्यांगजनों के बीच ट्राइसाइकिल, व्हीलचेयर, बैसाखी सेट भी वितरण किया गया। इसी क्रम में, बालिकाओं की शिक्षा और सशक्तिकरण को बढ़ावा देने वाली राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना’ के तहत माननीय न्यायाधीश द्वारा मंच से 2 बच्चियों को सांकेतिक रूप से लाभ प्रदान किया गया। इस योजना के अंतर्गत जिले में कुल ₹43,12,500 (तैंतालीस लाख बारह हजार पांच सौ रुपये) की राशि पात्र लाभुकों के बीच वितरित की गई।
कार्यक्रम के दौरान जेएसएलपीएस के कुल 206 स्वयं सहायता समूहों के ग्रामीण महिलाओं एवं सामुदायिक संस्थाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए कुल ₹6.03 करोड़ की वित्तीय सहायता/परिसंपत्ति का वितरण किया गया। यह पहल ग्रामीण महिलाओं एवं स्वयं सहायता समूहों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने, उनकी वित्तीय पहुंच बढ़ाने तथा स्वरोजगार एवं आजीविका के अवसरों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसके माध्यम से SHG सदस्यों को अपनी आजीविका गतिविधियों का विस्तार करने और आत्मनिर्भर बनने में सहायता मिलेगी।
इसके अलावा किसान समृद्धि योजना के तहत सोलर मोटर पंप का वितरण लाभुकों को किया गया। अनुसूचित जाति अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत लाभुकों को नियमानुसार राशि का वितरण किया गया। मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना के तहत प्रति लाभुक(8 बकरी +दो बकरा) का वितरण किया गया। वेदव्यास आवास निर्माण योजना के तहत लाभुकों को अनुदान राशि का वितरण किया गया। साथ सभी स्टाल में विभिन्न लाभुकों के बीच विभिन्न परिसम्पत्ति का वितरण भी किया गया।


